धर्मशाला में पैराग्लाइडिंग हादसा: बुल्गारिया के पायलट की मौत, ब्रिटिश पायलट को रातभर चले रेस्क्यू ऑपरेशन में बचाया
बीड़-बिलिंग से उड़ान भरने के बाद खनियारा-योल क्षेत्र में हुआ हादसा, तेज हवाओं को दुर्घटना की संभावित वजह मान रही पुलिस।
धर्मशाला (कांगड़ा)। हिमाचल प्रदेश के कांगड़ा जिले में पैराग्लाइडिंग के दौरान हुए हादसे ने एक विदेशी पायलट की जान ले ली, जबकि दूसरे पायलट को बचाव दल ने सुरक्षित निकाल लिया। दोनों पायलट बीड़-बिलिंग से उड़ान भरने के बाद खनियारा-योल क्षेत्र में राइजिंग स्टार पीक के पास दुर्घटना का शिकार हो गए थे।
मृतक की पहचान बुल्गारिया के 47 वर्षीय मैक्सिम वैलेंटिनोविच गैवरिलिचेंको के रूप में हुई है। वहीं, ब्रिटेन के 63 वर्षीय स्टीफन एंटनी पर्डी को बचाव दल ने सुरक्षित बचा लिया। पुलिस की प्रारंभिक जांच के अनुसार, हादसा रविवार दोपहर करीब 3 से 3:30 बजे के बीच हुआ।
तेज हवाओं के कारण हादसे की आशंका
प्रारंभिक जानकारी के मुताबिक, तेज हवा और हवा के दबाव में बदलाव के कारण पैराग्लाइडर के दुर्घटनाग्रस्त होने की आशंका जताई जा रही है। हालांकि, हादसे की वास्तविक वजह का पता लगाने के लिए पुलिस जांच कर रही है।
बताया गया है कि बुल्गारिया के पायलट मैक्सिम 7 अक्तूबर को पर्यटक वीजा पर भारत पहुंचे थे। हादसे की सूचना मिलते ही पुलिस, राज्य आपदा प्रतिक्रिया बल (एसडीआरएफ) और हिम संसार बचाव दल ने संयुक्त रूप से राहत एवं बचाव अभियान शुरू किया।
रातभर चला बचाव अभियान
दुर्गम क्षेत्र में हादसा होने के कारण बचाव दल को अभियान में काफी मशक्कत करनी पड़ी। रविवार रात करीब 9 बजे टीमें घटनास्थल की ओर रवाना हुईं और रातभर तलाश एवं बचाव कार्य जारी रखा गया।
सोमवार सुबह करीब 10 बजे अभियान पूरा हुआ। इस दौरान बुल्गारियाई पायलट की मौत की पुष्टि हुई, जबकि ब्रिटिश पायलट स्टीफन को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया।
पुलिस कर रही हादसे की जांच
मृतक के शव को पोस्टमार्टम के लिए जोनल अस्पताल धर्मशाला के शव गृह में रखा गया है। एसपी कुलभूषण वर्मा के अनुसार, पुलिस मामले में आवश्यक कानूनी औपचारिकताएं पूरी कर रही है। साथ ही दुर्घटना के कारणों की भी जांच की जा रही है।
इस हादसे ने एक बार फिर पहाड़ी क्षेत्रों में पैराग्लाइडिंग के दौरान मौसम और हवा की परिस्थितियों पर विशेष ध्यान देने की जरूरत को सामने ला दिया है।
