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त्रिलोकपुर नवरात्र मेले में 987 श्रद्धालुओं ने कराया उपचार, आयुष चिकित्सा शिविर बना मददगार
माता बालासुंदरी के दरबार में दर्शन के लिए पहुंचे श्रद्धालुओं को मेले के दौरान मिली चिकित्सा सुविधा।
नौ दिनों तक चले शिविर में आयुर्वेदिक उपचार के साथ मर्म चिकित्सा, पंचकर्म और कपिंग थेरेपी की भी दी गई सुविधा।
कालाअंब (सिरमौर)। जिला सिरमौर के प्रसिद्ध सिद्धपीठ त्रिलोकपुर स्थित महामाया बालासुंदरी मंदिर में आयोजित शारदीय नवरात्र मेले के दौरान आयुष चिकित्सा शिविर श्रद्धालुओं के लिए उपयोगी साबित हुआ। नवरात्र के पहले दिन से नवमी तक चले इस शिविर में कुल 987 श्रद्धालुओं ने विभिन्न चिकित्सा पद्धतियों के माध्यम से उपचार की सुविधा प्राप्त की।
जिला आयुष अधिकारी डॉ. जसप्रीत कौर ने बताया कि शिविर के दौरान श्रद्धालुओं को औषधीय चिकित्सा के अलावा मर्म चिकित्सा, पंचकर्म और कपिंग थेरेपी जैसी सुविधाएं भी उपलब्ध करवाई गईं। नौ दिनों तक चले इस शिविर में बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने पहुंचकर उपचार का लाभ उठाया।
पारंपरिक चिकित्सा पद्धतियों को दिया जा रहा बढ़ावा
डॉ. जसप्रीत कौर के अनुसार, त्रिलोकपुर स्थित आयुष चिकित्सा केंद्र में उपचार सुविधाएं उपलब्ध करवाने के साथ-साथ कर्मचारियों के कौशल विकास पर भी जोर दिया जा रहा है। केंद्र में दो पंचकर्म तकनीशियनों को मर्म चिकित्सा, कपिंग थेरेपी और पंचकर्म से संबंधित प्रशिक्षण प्रदान किया जा रहा है।
आयुष विभाग की इस पहल से नवरात्र मेले में आने वाले श्रद्धालुओं को चिकित्सा सुविधा उपलब्ध करवाने के साथ पारंपरिक आयुर्वेदिक उपचार पद्धतियों के प्रति जागरूकता बढ़ाने में भी मदद मिल रही है।
