छह महीने से राशन नहीं लिया है तो अब आपका राशन कार्ड अस्थायी रूप से हो सकता है बन्द
खाद्य आपूर्ति विभाग ने लंबे समय से राशन नहीं लेने वाले कार्डों की पहचान और जांच की प्रक्रिया शुरू करने की तैयारी की।
हमीरपुर। सार्वजनिक वितरण प्रणाली (पीडीएस) में फर्जी और डुप्लीकेट लाभार्थियों पर लगाम लगाने के लिए खाद्य नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता मामले विभाग अब राशन कार्डों की पड़ताल करेगा। लगातार छह माह तक राशन नहीं लेने वाले कार्डों को अस्थायी तौर पर निष्क्रिय किया जा सकता है।
विभाग की ओर से खाद्य एवं आपूर्ति निरीक्षकों को उचित मूल्य की दुकानों से ऐसे राशन कार्डों का विवरण जुटाने के निर्देश दिए गए हैं, जिन पर पिछले छह महीने में राशन का उठाव नहीं हुआ है। इसके बाद इन कार्डों की पात्रता और वास्तविक स्थिति की जांच की जाएगी।
आधार से होगी लाभार्थियों की पहचान
विभाग डुप्लीकेट लाभार्थियों की पहचान के लिए आधार आधारित क्रॉस-मैचिंग भी करेगा। इसका उद्देश्य ऐसे लाभार्थियों का पता लगाना है, जिनका रिकॉर्ड एक से अधिक स्थानों पर दर्ज है।
हालांकि, किसी लाभार्थी का राशन कार्ड सीधे स्थायी रूप से रद्द नहीं किया जाएगा। स्थायी कार्रवाई से पहले संबंधित व्यक्ति को 90 दिन का अवसर दिया जाएगा। इस दौरान वह ई-केवाईसी पूरी कराने के साथ क्षेत्रीय सत्यापन की प्रक्रिया भी पूरी करवा सकेगा।
जांच में पात्र पाए जाने पर संबंधित लाभार्थी का पीडीएस लाभ जारी रखा जाएगा।
कार्ड बंद होने पर मोबाइल पर आएगा मैसेज
यदि किसी राशन कार्ड या लाभार्थी को अस्थायी रूप से निष्क्रिय किया जाता है तो इसकी सूचना राशन कार्ड के मुखिया के पंजीकृत मोबाइल नंबर पर एसएमएस के जरिए दी जाएगी। विभाग ने कार्ड धारकों से समय रहते ई-केवाईसी और जरूरी प्रक्रियाएं पूरी कराने की अपील की है।
हमीरपुर जिले में करीब 320 उचित मूल्य की दुकानें संचालित हो रही हैं। इन दुकानों के माध्यम से लगभग डेढ़ लाख राशन कार्ड धारकों को निर्धारित दरों पर राशन उपलब्ध कराया जा रहा है।
जिला नियंत्रक खाद्य नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता मामले विभाग आंचल के अनुसार, इस पूरी प्रक्रिया का उद्देश्य वास्तविक और पात्र लाभार्थियों तक पीडीएस का लाभ सुनिश्चित करना है। लंबे समय से इस्तेमाल में नहीं आ रहे राशन कार्डों की पहचान कर उनकी स्थिति की जांच की जाएगी।
