कांगड़ा में निजी वोल्वो बस संचालकों की बढ़ी मुश्किलें, महज पांच महीनों में 76 बसों के कटे चालान! 15 लाख रुपये से अधिक का जुर्माना
कांगड़ा। हिमाचल प्रदेश में निजी वोल्वो बसों के संचालन में नियमों का पालन सुनिश्चित करने के लिए परिवहन विभाग ने जांच अभियान तेज कर दिया है। धर्मशाला स्थित परिवहन विभाग के उड़नदस्ता दल ने एक अप्रैल से 31 अगस्त के बीच कांगड़ा, चंबा, ऊना और हमीरपुर जिलों में बड़े स्तर पर वाहनों की जांच की।
विभाग के अनुसार इस अवधि में 76 निजी वोल्वो बसों में नियमों से जुड़ी अनियमितताएं सामने आईं। जांच के बाद संबंधित बस संचालकों के खिलाफ चालान की कार्रवाई करते हुए 15 लाख रुपये से अधिक का जुर्माना लगाया गया।
परमिट से टैक्स तक सामने आईं गड़बड़ियां
औचक निरीक्षण के दौरान कुछ बसों के बिना वैध परमिट संचालन, हिमाचल प्रदेश में देय राज्य कर का भुगतान नहीं करने और यात्रियों की सूची उपलब्ध नहीं रखने जैसी कमियां सामने आईं। इसके अलावा बसों के जरूरी दस्तावेज और अन्य निर्धारित नियमों के पालन की भी जांच की गई।
परिवहन विभाग को निजी वोल्वो बसों के संचालन को लेकर शिकायतें मिलने के बाद सीमांत इलाकों में भी विशेष निगरानी की गई। दूसरे राज्यों से हिमाचल में प्रवेश करने वाली बसों के दस्तावेज और टैक्स संबंधी औपचारिकताओं की भी जांच की जा रही है।
दूसरे राज्यों की बसों पर भी नजर
विभाग ने स्पष्ट किया है कि दूसरे राज्यों से हिमाचल प्रदेश में आने वाली बसों पर भी प्रदेश में लागू परिवहन नियम प्रभावी होते हैं। राज्य कर का भुगतान किए बिना बस संचालन या आवश्यक दस्तावेजों के अभाव में संबंधित संचालक के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
आगे भी जारी रहेगा अभियान
परिवहन विभाग ने संकेत दिया है कि निजी वोल्वो बसों के खिलाफ औचक निरीक्षण आगे भी जारी रहेगा। जांच के दौरान परमिट, राज्य कर, यात्री सूची और अन्य जरूरी दस्तावेजों को प्राथमिकता से देखा जाएगा।
लगातार नियमों का उल्लंघन पाए जाने पर बस संचालकों के खिलाफ नियमानुसार सख्त कार्रवाई की जा सकती है। इसमें वाहन को कब्जे में लेने समेत कानून के तहत अन्य कार्रवाई का प्रावधान भी शामिल है।
पांच महीनों में 76 बसों पर कार्रवाई के बाद निजी वोल्वो बस संचालकों के बीच विभाग की बढ़ी निगरानी को लेकर चिंता बढ़ गई है। परिवहन विभाग का कहना है कि यात्रियों की सुरक्षित और नियमों के अनुरूप आवाजाही सुनिश्चित करने के लिए जांच अभियान जारी रहेगा।
