कालाअंब-पांवटा साहिब हाईवे पर भारी वाहनों की भिड़ंत, बड़ा हादसा टला; ओवरलोडिंग पर उठे सवाल
कालाअंब-पांवटा साहिब नेशनल हाईवे पर बुधवार सुबह दो भारी वाहनों की आमने-सामने भिड़ंत से अफरा-तफरी मच गई। गनीमत रही कि हादसे में किसी की जान नहीं गई, लेकिन हाईवे पर कुछ समय तक यातायात प्रभावित रहा।
कालाअंब (सिरमौर)। हादसा सुबह करीब 10 बजे काली मंदिर के समीप हुआ, जहां रेत-बजरी से लदे डंपर की सामने से आ रहे आइशर ट्रक से जोरदार टक्कर हो गई। टक्कर इतनी तेज थी कि दोनों वाहनों के चालक कुछ देर के लिए सकते में आ गए। हालांकि, हादसे में किसी के हताहत होने की सूचना नहीं है।
प्रत्यक्ष जानकारी के अनुसार डंपर कालाअंब की ओर जा रहा था, जबकि आइशर ट्रक नाहन की तरफ से आ रहा था। ब्लू स्टार के पास दोनों वाहनों की आमने-सामने टक्कर हो गई। दुर्घटना के बाद हाईवे पर वाहनों की रफ्तार धीमी हो गई और कुछ समय के लिए यातायात व्यवस्था प्रभावित रही।
सूचना मिलते ही कालाअंब पुलिस मौके पर पहुंची और स्थिति का जायजा लिया। पुलिस ने हादसे के कारणों की जांच शुरू कर दी है। दुर्घटना किस वजह से हुई और इसमें किसी वाहन की लापरवाही या अन्य कारण जिम्मेदार था, इसकी जांच के बाद ही स्थिति स्पष्ट होगी।
हाईवे पर भारी वाहनों की आवाजाही बनी चिंता
कालाअंब-पांवटा साहिब हाईवे पर रेत-बजरी से लदे भारी वाहनों की आवाजाही लंबे समय से लोगों के लिए चिंता का विषय बनी हुई है। मारकंडा पुल के समीप चढ़ाई वाले हिस्से में भी कई बार ट्राले और डंपर फंसने की घटनाएं सामने आती रही हैं।
स्थानीय लोगों का कहना है कि ओवरलोड भारी वाहन चढ़ाई पर रफ्तार बनाए रखने में परेशानी का सामना करते हैं और कई बार सड़क पर ही रुक जाते हैं। इससे पीछे से आने वाले छोटे-बड़े वाहनों के लिए दुर्घटना का खतरा बढ़ जाता है।
नियमित जांच और सख्त कार्रवाई की मांग
लोगों ने प्रशासन और संबंधित विभागों से हाईवे पर रेत-बजरी से लदे वाहनों की नियमित जांच करने की मांग की है। साथ ही ओवरलोडिंग पाए जाने पर वाहन चालकों के खिलाफ सख्त कार्रवाई और संवेदनशील चढ़ाई वाले स्थानों पर यातायात व्यवस्था मजबूत करने की मांग उठाई है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि भारी वाहनों की निगरानी बढ़ने से न केवल ओवरलोडिंग पर अंकुश लगेगा, बल्कि हाईवे पर वाहन फंसने और सड़क हादसों की घटनाओं को भी कम किया जा सकेगा।
