Himachal News: 1.80 लाख गरीब परिवारों को 300 यूनिट मुफ्त बिजली देने की तैयारी


हिमाचल के 1.80 लाख गरीब परिवारों के लिए बड़ी राहत की तैयारी है—अब 300 यूनिट तक बिजली का बिल शून्य हो सकता है। वहीं, दूसरी योजना के तहत करीब 2.35 लाख महिलाओं के खातों में हर महीने ₹1500 पहुंचाने की तैयारी भी अंतिम चरण में है।
शिमला। हिमाचल प्रदेश सरकार ने अपनी दो प्रमुख चुनावी गारंटियों को एकीकृत कर मुख्यमंत्री अपना सुखी परिवार योजना को व्यापक स्वरूप देने की तैयारी की है। ग्रामीण विकास विभाग की ओर से पात्र परिवारों की पहचान के लिए किया गया सर्वे लगभग पूरा हो चुका है। प्रारंभिक सर्वे में करीब 1.80 लाख परिवार ऐसे पाए गए हैं, जिन्हें योजना के तहत 300 यूनिट तक निशुल्क बिजली का लाभ मिल सकता है।

पंचायत स्तर पर हुआ पात्र परिवारों का सर्वे
ग्रामीण विकास विभाग ने पंचायत स्तर पर आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों का सर्वे किया है। इसमें परिवार की आय, सामाजिक स्थिति, आवासीय परिस्थितियों सहित विभिन्न मानकों को आधार बनाया गया। अब सरकार अंतिम सत्यापन और डाटा एकीकरण की प्रक्रिया में जुटी है।
दूसरी योजना के प्रमुख हिस्से के तहत गरीब परिवारों की पात्र महिलाओं को प्रतिमाह 1500 रूपए की आर्थिक सहायता देने का प्रावधान किया जा रहा है। प्रारंभिक आकलन के अनुसार करीब 2.35 लाख महिलाएं इस लाभ के दायरे में आ सकती हैं। राशि सीधे महिला मुखिया या पात्र महिला सदस्य के बैंक खाते में ट्रांसफर किए जाने की तैयारी है।
दो चुनावी गारंटियों को एक योजना में लाने की तैयारी
कांग्रेस ने वर्ष 2022 के विधानसभा चुनाव में महिलाओं को 1500 रूपए प्रतिमाह देने और 300 यूनिट तक मुफ्त बिजली देने का वादा किया था। सरकार अब इन दोनों गारंटियों को एकीकृत योजना के माध्यम से लागू करने की दिशा में आगे बढ़ रही है।
सरकार का उद्देश्य अलग-अलग विभागों के माध्यम से योजनाओं का लाभ देने के बजाय एक ही पात्र परिवार को बिजली में राहत और महिला सदस्य को सीधे आर्थिक सहायता उपलब्ध कराना है। इससे कमजोर परिवारों पर घरेलू खर्च का बोझ कम करने में मदद मिलने की उम्मीद है।
हालांकि, योजना के वास्तविक लाभार्थियों की संख्या और लाभ शुरू होने की अंतिम तारीख अंतिम सत्यापन एवं सरकार के औपचारिक निर्णय के बाद ही स्पष्ट होगी। पड़ोसी राज्य पंजाब में भी उपभोक्ताओं को 300 यूनिट तक मुफ्त बिजली की सुविधा दी जा रही है।
