काला अंब में एमएसएमई को मिला कारोबार बढ़ाने का मंत्र, सरकारी खरीद में नए अवसरों की जानकारी
क्या छोटे उद्योग भी बड़े बाजार तक पहुंच सकते हैं? बिल्कुल—सरकारी ई-बाजार से लेकर वित्तीय सहायता और बेहतर ब्रांडिंग तक, एमएसएमई इकाइयों के लिए कारोबार बढ़ाने के कई रास्ते हैं। इन्हीं संभावनाओं से उद्यमियों को रूबरू करवाने के लिए काला अंब में एक दिवसीय कार्यशाला आयोजित की गई।
कालाअंब (सिरमौर)। उद्योग विभाग, हिमाचल प्रदेश सरकार के रैंप कार्यक्रम के तहत आयोजित इस कार्यशाला में करीब 40 एमएसएमई इकाइयों के प्रतिनिधियों ने भाग लिया। कार्यशाला का मुख्य उद्देश्य उद्यमियों को बाजार में सफलता, सतत विकास, वित्तीय संसाधनों और सरकारी ई-बाजार पोर्टल के माध्यम से उपलब्ध अवसरों की जानकारी देना रहा।
कार्यशाला में जिला उद्योग केंद्र, सिरमौर के महाप्रबंधक रचित शर्मा मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। औद्योगिक प्रोत्साहन अधिकारी विजय कौशल और ई.आई. मनीष माजटा भी इस दौरान मौजूद रहे।
बदलते बाजार के हिसाब से कारोबार को ढालने पर जोर
कार्यशाला के पहले सत्र में प्रो. आदित्य शर्मा ने बाजार में सफलता एवं सतत विकास तथा बाजार वित्त विषय पर जानकारी दी। उन्होंने उद्यमियों को बदलती बाजार आवश्यकताओं के अनुरूप अपने व्यवसाय में बदलाव करने, उत्पादों की ब्रांडिंग और गुणवत्ता सुधारने तथा ग्राहकों का विश्वास बनाए रखने के महत्व से अवगत करवाया।
उन्होंने विभिन्न वित्तीय संस्थानों और सरकारी योजनाओं के माध्यम से उपलब्ध वित्तीय सहायता के बारे में भी जानकारी दी, ताकि उद्यमी अपने कारोबार के विस्तार के लिए उपलब्ध संसाधनों का बेहतर उपयोग कर सकें।
सरकारी खरीद में एमएसएमई के लिए अवसर
दूसरे सत्र में रवि वर्मा ने सरकारी ई-बाजार पोर्टल की कार्यप्रणाली समझाई। उन्होंने पोर्टल पर पंजीकरण, उत्पादों की सूची तैयार करने, सरकारी निविदाओं में भाग लेने, ऑनलाइन बिक्री तथा समयबद्ध भुगतान व्यवस्था की जानकारी दी।
उन्होंने उद्यमियों को सरकारी खरीद प्रणाली से जुड़ने और सरकारी ई-बाजार पोर्टल के माध्यम से अपने उत्पादों के लिए नए बाजार तलाशने के लिए प्रेरित किया।
सवालों के जवाब देकर दूर की उद्यमियों की शंकाएं
कार्यशाला के अंत में प्रश्नोत्तर सत्र आयोजित किया गया। इसमें एमएसएमई प्रतिनिधियों ने बाजार, वित्तीय सहायता और सरकारी खरीद से जुड़े विभिन्न सवाल पूछे। विशेषज्ञों ने उनके प्रश्नों का समाधान करते हुए व्यावहारिक जानकारी प्रदान की।
कार्यशाला से काला अंब क्षेत्र के एमएसएमई उद्यमियों को बाजार विस्तार, वित्तीय संसाधनों और सरकारी खरीद प्रणाली में भागीदारी के नए अवसरों की जानकारी मिली।
