हिमाचल: आत्महत्या का नाटक रचकर पंजाब पहुंची महिला, 4 दिन तक पुलिस ढूंढती रही शव, आखिर ऐसे हुआ चौंकाने वाला खुलासा
सोलन | दैनिक जनवार्ता
“मां… मैं नहर में कूद रही हूं, अब मुझे मत ढूंढना…”
यह ऑडियो सुनते ही परिवार में मातम छा गया। पुलिस और परिजन चार दिनों तक नहर में महिला के शव की तलाश करते रहे। लेकिन जब सच्चाई सामने आई तो हर कोई हैरान रह गया।
हिमाचल प्रदेश के सोलन जिले के बद्दी क्षेत्र से एक ऐसा मामला सामने आया है, जिसने सभी को चौंका दिया। यहां मलकू माजरा निवासी 35 वर्षीय महिला ने आत्महत्या का नाटक रचकर अपने ही परिवार और पुलिस को गुमराह कर दिया। आखिरकार पुलिस ने उसे पंजाब के रोपड़ से सुरक्षित बरामद कर लिया।
ऑडियो भेजकर कहा- नहर में कूद रही हूं
जानकारी के अनुसार महिला ने अपनी मां को मोबाइल पर एक ऑडियो संदेश भेजा, जिसमें उसने पंजाब के घनौली स्थित नहर में छलांग लगाने की बात कही। इतना ही नहीं, उसने अपने कपड़े भी नहर किनारे छोड़ दिए, ताकि सभी को उसकी आत्महत्या पर यकीन हो जाए।
ऑडियो सुनने के बाद महिला के भाई ने तुरंत पुलिस में शिकायत दर्ज कराई, जिसके बाद पुलिस और परिजनों ने चार दिनों तक नहर में लगातार तलाश अभियान चलाया।
जब नहीं मिला शव तो पुलिस को हुआ शक
लगातार चार दिन तक नहर में तलाश के बावजूद महिला का कोई सुराग नहीं मिला। इसके बाद पुलिस को मामले पर संदेह हुआ और जांच का दायरा बढ़ाया गया।
मोबाइल लोकेशन, कॉल डिटेल और आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली गई। तकनीकी जांच के दौरान पुलिस को महत्वपूर्ण सुराग मिले, जिनके आधार पर महिला का पता पंजाब के रोपड़ में लगाया गया।
पुराने परिचित के साथ रह रही थी महिला
जांच में सामने आया कि महिला अपनी मर्जी से पंजाब गई थी और वहां अपने एक पुराने परिचित के साथ रह रही थी। बताया जा रहा है कि महिला की शादी करीब 12 वर्ष पहले नालागढ़ के राजपुरा में हुई थी और उसके पांच बच्चे हैं। कुछ दिन पहले उसका पति उसे मायके छोड़कर गया था। इसी दौरान उसके पुराने परिचित ने उससे संपर्क किया और उसे पंजाब बुला लिया। घर से निकलने का कोई बहाना न होने के कारण उसने आत्महत्या का नाटक रच दिया।
पुलिस ने सुरक्षित बरामद कर परिजनों को सौंपा
पुलिस ने महिला को सुरक्षित बरामद कर परिजनों के सुपुर्द कर दिया है। मामले की पुष्टि करते हुए अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक अशोक वर्मा ने बताया कि महिला सुरक्षित मिल गई है और पूरे मामले की जांच की जा रही है।
इस घटना ने एक बार फिर साबित कर दिया कि आधुनिक मोबाइल ट्रैकिंग और सीसीटीवी तकनीक की मदद से ऐसे मामलों की सच्चाई तक पहुंचना अब पहले से कहीं अधिक आसान हो गया है।
