सिरमौर में 312 एचआईवी संक्रमित मरीज, उपायुक्त प्रियंका वर्मा ने रोकथाम अभियान तेज करने के दिए निर्देश
नाहन, 14 जुलाई। सिरमौर जिले में एचआईवी संक्रमण के 312 मामले सामने आने के बाद जिला प्रशासन ने रोकथाम और जागरूकता अभियान को और तेज करने के निर्देश दिए हैं। उपायुक्त प्रियंका वर्मा ने स्वास्थ्य विभाग को एचआईवी के साथ-साथ टीबी नियंत्रण कार्यक्रम में भी तेजी लाने और निर्धारित लक्ष्यों को हर हाल में पूरा करने के निर्देश दिए।
उपायुक्त प्रियंका वर्मा की अध्यक्षता में सोमवार को उपायुक्त कार्यालय सभागार में जिला एड्स रोकथाम एवं नियंत्रण समिति, जिला कम्यूनिटी रिसोर्स ग्रुप तथा मोबिलाइजेशन फॉर एड्स सुरक्षा समिति की संयुक्त बैठक आयोजित की गई। बैठक में जिले में एचआईवी एवं एड्स नियंत्रण को लेकर चल रही गतिविधियों की समीक्षा की गई।
बैठक में स्वास्थ्य विभाग ने जानकारी दी कि वर्तमान में जिला सिरमौर में 312 एचआईवी पॉजिटिव मरीज दर्ज हैं। विभाग की ओर से एक स्व-मूल्यांकन (Self-Assessment) क्यूआर कोड भी जारी किया गया है, जिसे स्कैन कर कोई भी व्यक्ति एचआईवी संक्रमण से संबंधित स्वयं मूल्यांकन कर सकता है।
अधिकारियों ने बताया कि राष्ट्रीय एड्स नियंत्रण संगठन (NACO) के निर्देशानुसार प्रथम-95 लक्ष्य हासिल कर लिया गया है, जबकि द्वितीय-95 और 99 लक्ष्य प्राप्त करने की दिशा में विभाग लगातार कार्य कर रहा है। उपायुक्त ने इन लक्ष्यों को समयबद्ध तरीके से पूरा करने के लिए स्वास्थ्य विभाग को निरंतर प्रयास करने के निर्देश दिए।
बैठक में यह भी बताया गया कि जिला सिरमौर में नशे के आदी लोगों के उपचार और पुनर्वास के लिए दो ओएसटी (Opioid Substitution Therapy) केंद्र संचालित किए जा रहे हैं। इन केंद्रों के माध्यम से नशा मुक्ति सेवाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं।
बैठक के दौरान उपायुक्त ने जिले में क्षय रोग (टीबी) की स्थिति की भी समीक्षा की। उन्होंने जनवरी 2026 से जून 2026 तक टीबी से हुई मौतों की जानकारी ली और स्वास्थ्य अधिकारियों को निर्देश दिए कि टीबी मरीजों की नियमित जांच, समय पर पहचान और गंभीर मरीजों का उचित स्वास्थ्य संस्थानों में उपचार सुनिश्चित किया जाए।
उपायुक्त ने अधिकारियों से टीबी मरीजों को कुपोषण से उबारने तथा उन्हें मानसिक और सामाजिक सहयोग प्रदान करने के लिए अधिक से अधिक निक्षय मित्र बनाने पर भी जोर दिया।
बैठक में मुख्य चिकित्सा अधिकारी, जिला क्षय रोग अधिकारी तथा जिले के सभी खंड चिकित्सा अधिकारी उपस्थित रहे।
