HRTC परिचालक ज्ञान सिंह की पहाड़ी से गिरे पत्थर की चपेट में आने से दर्दनाक मौत!
एक पल पहले तक ड्यूटी पर थे, अगले ही पल सब कुछ खत्म हो गया।
एचआरटीसी बस के परिचालक ने जैसे ही सड़क किनारे हाथ-मुंह धोने के लिए कदम बढ़ाए, पहाड़ी से गिरे पत्थर ने उनकी जान ले ली।
इस दर्दनाक हादसे ने पूरे इलाके में शोक की लहर दौड़ा दी है।
कुल्लू/लाहौल-स्पीति: लाहौल-स्पीति जिले की मयाड़ घाटी में गुरुवार सुबह एक दर्दनाक हादसे में एचआरटीसी के परिचालक की जान चली गई। धोंदल नाला के समीप पहाड़ी से अचानक गिरे पत्थर की चपेट में आने से परिचालक की मौके पर ही मौत हो गई।
मृतक की पहचान ज्ञान सिंह (50) पुत्र शेर सिंह, निवासी गांव पंजालग, डाकघर पंजालग, तहसील लड़भडोल, जिला मंडी के रूप में हुई है। जानकारी के अनुसार एचआरटीसी की बस बुधवार दोपहर उदयपुर से मयाड़ घाटी के खंजर रूट के लिए रवाना हुई थी। हालांकि सड़क की खराब स्थिति के कारण बस करपट गांव से आगे नहीं जा सकी और वहीं रुकना पड़ा।
गुरुवार सुबह जब बस करपट गांव से वापस उदयपुर की ओर लौट रही थी, तब सुबह करीब 7:10 बजे धोंदल नाला के पास परिचालक ज्ञान सिंह हाथ-मुंह धोने के लिए बस से नीचे उतरे। इसी दौरान पहाड़ी से अचानक एक बड़ा पत्थर गिरा, जो सीधे उनके सिर पर आ लगा।
पत्थर लगने से ज्ञान सिंह गंभीर रूप से घायल हो गए और उन्होंने मौके पर ही दम तोड़ दिया। घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय प्रशासन और पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर आगे की कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है।
इस हादसे के बाद एचआरटीसी कर्मचारियों और स्थानीय लोगों में शोक की लहर है। पहाड़ी क्षेत्रों में लगातार भूस्खलन और पत्थर गिरने की घटनाएं यात्रियों और वाहन कर्मियों के लिए गंभीर चुनौती बनी हुई हैं।
