हिमाचल में शिक्षा पर बड़ा ऐलान: 30 जून तक सभी CBSE पैटर्न स्कूलों में टीचर्स की नियुक्ति पूरी होगी!
फतेहपुर में विकास की सौगातों की बारिश, सीएम सुक्खू ने किए कई बड़े वादे
कांगड़ा। हिमाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने शिक्षा और विकास को लेकर बड़ा बयान देते हुए कहा है कि 30 जून तक राज्य के सभी सीबीएसई पैटर्न वाले स्कूलों में अध्यापकों की नियुक्ति पूरी कर दी जाएगी। उन्होंने यह घोषणा फतेहपुर विधानसभा क्षेत्र के जखबड़ में आयोजित एक जनसभा के दौरान की।
सीएम सुक्खू ने फतेहपुर के लिए कई विकास योजनाओं का ऐलान करते हुए औद्योगिक क्षेत्र के निर्माण हेतु 10 करोड़ रुपये देने की घोषणा की। साथ ही, शाहनहर प्रोजेक्ट के प्रमुख अभियंता का कार्यालय, जिसे पहले मंडी स्थानांतरित किया गया था, उसे दोबारा फतेहपुर में स्थापित करने की बात भी कही। उन्होंने महिला मंडलों को 20-20 हजार रुपये की आर्थिक सहायता और वजीर राम सिंह स्टेडियम के जीर्णोद्धार के लिए 50 लाख रुपये देने का ऐलान किया।
जनसभा को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि आरडीजी बंद होने से प्रदेश को हर साल 8 से 10 हजार करोड़ रुपये का नुकसान उठाना पड़ा है। उन्होंने भाजपा पर निशाना साधते हुए कहा कि विपक्ष केवल सुर्खियों में बने रहने के लिए बयानबाजी कर रहा है, जबकि सरकार जनता की जरूरतों को ध्यान में रखकर नीतियां बना रही है।
शिक्षा के क्षेत्र में बदलाव की बात करते हुए उन्होंने बताया कि पिछले साल से पहली कक्षा से अंग्रेजी माध्यम की शुरुआत की गई है और अब तक 151 स्कूलों को सीबीएसई पैटर्न पर लाया जा चुका है।
किसानों और मछुआरों के लिए भी सरकार ने राहत भरे फैसले लिए हैं। प्राकृतिक रूप से उगाई गई हल्दी को 150 रुपये प्रति किलो की दर से खरीदने का निर्णय लिया गया है। जलाशयों में मछली पालन करने वाले किसानों को न्यूनतम समर्थन मूल्य दिया जाएगा और मानसून के दौरान मछली पकड़ने पर प्रतिबंध की अवधि में मछुआरा परिवारों को 3,500 रुपये की सहायता राशि दी जाएगी। इसके अलावा, मछलियों पर रॉयल्टी दर को 15 प्रतिशत से घटाकर मात्र 1 प्रतिशत कर दिया गया है।
सरकार द्वारा अति गरीब परिवारों के लिए चलाई जा रही ‘अपना परिवार-सुखी परिवार योजना’ का भी जिक्र करते हुए सीएम ने बताया कि इसके तहत पात्र महिलाओं को हर महीने 1,500 रुपये पेंशन और 300 यूनिट तक मुफ्त बिजली दी जा रही है।
इस मौके पर राज्य योजना बोर्ड के उपाध्यक्ष भवानी सिंह पठानिया ने कहा कि क्षेत्र में पुल बनने के बाद औद्योगिक विकास को गति मिलेगी और अगले दो वर्षों में यहां उद्योग स्थापित होने की संभावना है। कार्यक्रम में कृषि मंत्री चौधरी चंद्र कुमार सहित कई गणमान्य लोग उपस्थित रहे।
