शिव मंदिर में जुटे सैकड़ों लोग, पेड़ों को फिर बांधे रक्षा सूत्र; सड़क निर्माण के खिलाफ उठी आवाज
पांवटा साहिब (सिरमौर):
नारीवाला क्षेत्र के जंगलों में पेड़ों को बचाने के लिए बांधे गए ‘रक्षा सूत्र’ को अज्ञात तत्वों द्वारा काटे जाने का मामला अब तूल पकड़ता जा रहा है। इस घटना के बाद इलाके में तनाव का माहौल बन गया है और ग्रामीणों में भारी रोष देखने को मिल रहा है।
इसी के विरोध में नारीवाला स्थित शिव मंदिर में एक विशाल जन सम्मेलन आयोजित किया गया, जहां पर्यावरण संरक्षण को लेकर लोगों ने एकजुटता दिखाई। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में ग्रामीण, समाजसेवी और पर्यावरण प्रेमी शामिल हुए।
कार्यक्रम के दौरान समाजसेवी और पर्यावरणविद नाथूराम चौहान ने कहा कि “रक्षा सूत्र सिर्फ एक धागा नहीं, बल्कि पेड़ों की रक्षा का संकल्प है। इसका मतलब है कि हम अपनी जान देकर भी इन पेड़ों की रक्षा करेंगे।” उन्होंने आरोप लगाया कि कुछ लोग जानबूझकर क्षेत्र का माहौल खराब करने की कोशिश कर रहे हैं, जो कि बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है।
उन्होंने यह भी चेतावनी दी कि यदि क्षेत्र में किसी तरह का विवाद या माहौल बिगड़ता है, तो इसकी जिम्मेदारी प्रशासन, वन विभाग और पुलिस की होगी।
पहले भी बांधे गए थे रक्षा सूत्र, फिर काटे गए
गौरतलब है कि इससे पहले भी ग्रामीणों ने नाथूराम चौहान की अगुवाई में पेड़ों को रक्षा सूत्र बांधकर उनकी सुरक्षा का संकल्प लिया था। लेकिन बाद में कुछ शरारती तत्वों ने इन रक्षा सूत्रों को काटकर माहौल भड़काने की कोशिश की।
इस घटना के बाद ग्रामीण एक बार फिर एकजुट हुए और पेड़ों को दोबारा रक्षा सूत्र बांधते हुए उनकी रक्षा का प्रण लिया।
सड़क निर्माण बना विवाद की जड़
स्थानीय लोगों का कहना है कि क्षेत्र में प्रस्तावित सड़क निर्माण के चलते बड़ी संख्या में हरे-भरे पेड़ों को काटा जा सकता है, जिससे पर्यावरण को भारी नुकसान होगा।
नाथूराम चौहान का कहना है कि गांव के लिए पहले से ही वैकल्पिक मार्ग मौजूद है, ऐसे में नई सड़क बनाने की आवश्यकता नहीं है। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि इस मार्ग से सड़क बनाई गई तो क्षेत्र की हरियाली को गंभीर नुकसान पहुंचेगा।
ग्रामीणों की प्रशासन से अपील
सम्मेलन में मौजूद ग्रामीणों ने प्रशासन से मांग की कि पर्यावरण को प्राथमिकता देते हुए इस मामले में पुनर्विचार किया जाए और पेड़ों को बचाने के लिए वैकल्पिक समाधान खोजा जाए।
ग्रामीणों ने साफ कहा कि अगर पेड़ों की कटाई होती है, तो इसके लिए संबंधित विभाग जिम्मेदार होंगे।
कार्यक्रम में शस्त्र पूजन और संकल्प
कार्यक्रम के दौरान शस्त्र पूजन भी किया गया और सभी उपस्थित लोगों ने मिलकर पर्यावरण संरक्षण का संकल्प लिया। लोगों ने कहा कि वे हर हाल में पेड़ों को बचाने के लिए प्रयास जारी रखेंगे।
इस अवसर पर “मेरा गांव मेरा देश एक सहारा” संस्था की अध्यक्षा पुष्पा खंडूजा, सर्वोदय स्कूल के संस्थापक जगदीश चौधरी, पूर्व वाइस चेयरमैन जिला परिषद ओमप्रकाश, पूर्व प्रधान अनिल चौधरी सहित कई गणमान्य लोग और ग्रामीण मौजूद रहे।
नारीवाला में ‘रक्षा सूत्र’ को लेकर शुरू हुआ यह आंदोलन अब पर्यावरण संरक्षण की बड़ी मुहिम का रूप लेता दिख रहा है। आने वाले दिनों में प्रशासन इस पर क्या फैसला लेता है, इस पर सभी की नजरें टिकी हैं।
