सिरमौर में गिरफ्तार उज्बेकिस्तान की महिला ने दिल्ली में बनवाया फर्जी आधार कार्ड, पुलिस जांच में खुलासा
नाहन (सिरमौर)। हिमाचल प्रदेश के सिरमौर जिले में पकड़ी गई उज्बेकिस्तान की महिला को लेकर पुलिस जांच में बड़े खुलासे हो रहे हैं। प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि विदेशी महिला ने भारत में रहते हुए फर्जी आधार कार्ड बनवाया था, जो दिल्ली से जारी किया गया बताया जा रहा है। इस मामले की गहराई से जांच के लिए सिरमौर पुलिस की एक विशेष टीम दिल्ली रवाना हो गई है।
पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि विदेशी नागरिक के लिए फर्जी आधार कार्ड कैसे और किन परिस्थितियों में तैयार किया गया। साथ ही इस एंगल पर भी जांच हो रही है कि कहीं इसके पीछे कोई संगठित गिरोह तो सक्रिय नहीं है, जो विदेशियों को अवैध रूप से भारतीय दस्तावेज उपलब्ध करा रहा हो।
बताया जा रहा है कि महिला को 22 जनवरी की रात नाहन पुलिस ने शक्तिनगर क्षेत्र के पास एक कार से हिरासत में लिया था। उस समय महिला एक युवक के साथ मौजूद थी और उसने उसे अपना पति बताया था। हालांकि पुलिस जांच में पति-पत्नी होने से जुड़े कोई ठोस दस्तावेज या प्रमाण सामने नहीं आए हैं।
पुलिस सूत्रों के अनुसार, महिला के पास से न तो वैध वीजा मिला और न ही भारत में रहने से संबंधित कोई अधिकृत दस्तावेज पाए गए। इसके बावजूद उसके पास भारत का फर्जी आधार कार्ड होना सुरक्षा एजेंसियों के लिए गंभीर चिंता का विषय बन गया है।
मामले में यह भी जांच की जा रही है कि महिला किसी अनैतिक या अवैध गतिविधि में तो शामिल नहीं थी। पुलिस इस पूरे नेटवर्क की कड़ियां जोड़ने में जुटी है ताकि यह पता लगाया जा सके कि दिल्ली में फर्जी आधार कार्ड बनाने की प्रक्रिया में कौन-कौन लोग शामिल थे।
इस संबंध में एसपी सिरमौर एनएस नेगी ने पुष्टि करते हुए बताया कि विदेशी महिला के पास से बरामद आधार कार्ड दिल्ली में बनवाया गया था। पुलिस हर पहलू से जांच कर रही है और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
यह मामला न केवल सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े करता है, बल्कि फर्जी आधार कार्ड से जुड़े नेटवर्क की पोल खोलने वाला भी साबित हो सकता है।
