Table of Contents
हिमाचल में महंगी होगी पढ़ाई, शिक्षा बोर्ड की किताबों के दाम 10 से 30 रुपये तक बढ़े
कांगड़ा। हिमाचल प्रदेश में नए शैक्षणिक सत्र 2026-27 की शुरुआत के साथ ही अभिभावकों की जेब पर अतिरिक्त बोझ पड़ने वाला है। हिमाचल शिक्षा बोर्ड की किताबों के दाम चौथी से छठी कक्षा तक के विद्यार्थियों के लिए बढ़ा दिए गए हैं। इन कक्षाओं में पढ़ने वाले छात्रों के अभिभावकों को अब किताबों के लिए 10 से 30 रुपये तक अधिक भुगतान करना होगा।
दरअसल, इन कक्षाओं में एनसीईआरटी का नया सिलेबस लागू किया जा रहा है। पाठ्यक्रम में बड़े बदलाव होने के कारण चौथी, पांचवीं और छठी कक्षा की सभी पाठ्य पुस्तकों को पूरी तरह नए सिरे से तैयार किया गया है। बोर्ड के अनुसार नई डिजाइनिंग, सामग्री में बदलाव और दोबारा छपाई की वजह से प्रिंटिंग लागत में इजाफा हुआ है, जिसका सीधा असर हिमाचल शिक्षा बोर्ड की किताबों के दाम पर पड़ा है।
ये भी पढ़ें : कालाअंब में मारपीट के बाद सिरमौर के युवक की मौत, 2 अन्य घायल | 2 आरोपी गिरफ्तार
किन पुस्तकों के दाम बढ़े
बोर्ड की ओर से जारी जानकारी के मुताबिक चौथी कक्षा की वीणा-2 और मैथ्स मेला जैसी पुस्तकों के दामों में उल्लेखनीय बढ़ोतरी की गई है। वहीं छठी कक्षा की विज्ञान और भाषा से संबंधित कुछ किताबें भी महंगी हुई हैं। हालांकि, सभी पुस्तकों की कीमतें नहीं बढ़ाई गई हैं और कुछ किताबों के दामों में आंशिक कटौती भी की गई है।
सातवीं से बारहवीं तक राहत
जहां छोटी कक्षाओं में हिमाचल शिक्षा बोर्ड की किताबों के दाम बढ़ने से अभिभावक परेशान हैं, वहीं सातवीं से बारहवीं कक्षा तक पढ़ने वाले विद्यार्थियों को राहत दी गई है। इन कक्षाओं के सिलेबस में कोई बड़ा बदलाव नहीं किया गया है, इसलिए अधिकतर पाठ्य पुस्तकें पिछले वर्ष के दामों पर ही उपलब्ध रहेंगी।
बोर्ड का पक्ष
स्कूल शिक्षा बोर्ड के सचिव डॉ. मेजर विशाल शर्मा ने बताया कि कुछ पाठ्य पुस्तकों की लागत बढ़ने के कारण उनके मूल्य में वृद्धि करनी पड़ी है। उन्होंने स्पष्ट किया कि अधिकांश किताबें पुराने दामों पर ही छात्रों को उपलब्ध करवाई जाएंगी और केवल सीमित पुस्तकों में ही आंशिक बढ़ोतरी की गई है।
Also Read : उच्च शिक्षा से संबंधित जानकारी और अन्य संसाधनों का पूर्ण विवरण!
कुल मिलाकर, नए सत्र में छोटी कक्षाओं के विद्यार्थियों के लिए पढ़ाई कुछ महंगी जरूर हुई है, लेकिन बोर्ड का दावा है कि यह बढ़ोतरी न्यूनतम और आवश्यक है।
